बेरीनाग। पिथौरागढ़ जिले के बेरीनाग क्षेत्र स्थित खितोली गांव में पिछले एक सप्ताह से दो गुलदारों की लगातार चहलकदमी से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार दोनों गुलदार सुबह और शाम के समय आबादी के आसपास दिखाई दे रहे हैं। लगातार हो रही आवाजाही के चलते लोग शाम ढलते ही घरों में कैद होने को मजबूर हैं। बच्चों और मवेशियों की सुरक्षा को लेकर भी ग्रामीण चिंतित हैं। खितोली निवासी धीरज पंत ने बताया कि पिछले सात दिनों से गांव के आसपास दो गुलदारों की गतिविधियां लगातार नजर आ रही हैं। सुबह और शाम के समय इनके दिखाई देने से ग्रामीणों में भय बना हुआ है। आबादी वाले क्षेत्र में गुलदारों की लगातार मौजूदगी के कारण लोग जरूरी काम से भी बाहर निकलने से बच रहे हैं। ग्रामीणों की सूचना के बाद शुक्रवार देर शाम वन विभाग की टीम फॉरेस्ट गार्ड चारु भट्ट के नेतृत्व में खितोली गांव पहुंची। टीम ने गांव में स्थिति का जायजा लेने के साथ ग्रामीणों के साथ बैठक की। वन विभाग की ओर से लोगों को सतर्क रहने और सावधानी बरतने की अपील की गई। वन विभाग ने ग्रामीणों से विशेष रूप से सुबह और शाम के समय अनावश्यक रूप से घरों से बाहर नहीं निकलने को कहा है। साथ ही बच्चों को अकेले बाहर न भेजने और मवेशियों की सुरक्षा को लेकर भी विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। गुलदारों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए वन विभाग ने गांव के आम रास्ते और खेल मैदान के समीप दो ट्रैप कैमरे स्थापित किए हैं। इन कैमरों के माध्यम से गुलदारों की आवाजाही और उनकी गतिविधियों को ट्रैक किया जाएगा। कैमरों से मिलने वाली जानकारी के आधार पर वन विभाग आगे की कार्रवाई की रणनीति तैयार करेगा। मौके पर रमेश पंत, चारु पंत, दीपक पंत, हिमांशु पंत, पंकज पंत और हरीश पंत समेत कई ग्रामीण मौजूद रहे। ग्रामीणों ने वन विभाग से गुलदारों की लगातार बढ़ रही चहलकदमी पर प्रभावी कार्रवाई करते हुए जल्द राहत दिलाने की मांग की है। फिलहाल वन विभाग की टीम क्षेत्र में निगरानी बनाए हुए है और ग्रामीणों से सतर्क रहने को कहा गया है।

